Featured Post

खूब लड़ी मर्दानी ....झाँसी की रानी कविता -

झाँसी  की रानी -कविता पाठ =================== -[सुभद्रा कुमारी चौहान जी की लिखी ] Kavita Paath: Alpana Verma सिंहासन हिल उठे...

Nov 21, 2017

अपनी आँखों में बसा कर /कवर गीत

फ़िल्म-ठोकर 
मूल गायक -रफ़ी 
संगीतकार--श्याम जी घनश्याम जी 
गीतकार -साजन देहलवी 
अपनी आँखों में बसाकर कोई इक़रार करूँ 
जी में आता है कि जी भर के तुझे प्यार करूँ
अपनी आँखों में बसाकर कोई इक़रार करूँ

१-मैं ने कब तुझ से ज़माने की ख़ुशी माँगी है
एक हलकी सी मेरे लब ने हँसी माँगी है 
सामने तुझ को बिठाकर तेरा दीदार करूँ
जी में आता है कि जी भर के तुझे प्यार करूँ
अपनी आँखों में बसाकर कोई इक़रार करूँ

२-साथ छूटे न कभी तेरा यह क़सम ले लूँ
हर ख़ुशी देके तुझे तेरे सनम ग़म ले लूँ
हाय, मैं किस तरह से प्यार का इज़हार करूँ
जी में आता है कि जी भर के तुझे प्यार करूँ
अपनी आँखों में बसाकर कोई इक़रार करूँ.

film Thokar (1974) original singer- Rafi 
Music: Shamji Ghanshamji
Lyrics: Sajan Delvi
Raga: Bhairavi
यह गीत मुझे बहुत पसंद हैं,रफ़ी साहब के बेहतरीन प्रेम-गीतों में से एक लगता है.
जितनी बार सुनो हमेशा नया सा लगता है .इस गीत के साथ मैंने कुछ विडियो क्लिप्स जोड़कर एक नया रूप देने का प्रयास किया है.
आशा है आपको पसंद आएगा.



स्वर : अल्पना वर्मा 

Oct 27, 2017

खिलौनेवाला -सुभद्राकुमारी चौहान

खिलौनेवाला

[कविता ] -सुभद्राकुमारी चौहान

कविता पाठ:Alpana Verma

============================



----------------

वह देखो माँ आज

खिलौनेवाला फिर से आया है।

कई तरह के सुंदर-सुंदर

नए खिलौने लाया है।

Oct 26, 2017

Parbaton Ke Pedon Par-पर्बतों के पेड़ों पर -कवर गीत



पर्बतों के पेड़ों पर ....

----------------------

फिल्म-शगुन

संगीतकार-खय्याम

गीतकार-साहिर लुधयानवी

मूल गायक -सुमन कल्यानपुर और मो.रफ़ी

प्रस्तुत गीत में स्वर- सफीर अहमद और अल्पना वर्मा

Oct 19, 2017

हँसता हुआ नूरानी चेहरा- Film:Parasmani

Cover Version:Hansta hua noorani chehra -हँसता हुआ नूरानी चेहरा
Parasmani (1963) 
Singer: Kamal Barot, Lata Mangeshkar
Music : Laxmikant Pyarelal, lyrics : Asad Bhopali

गीत में स्वर - सियापूजा और अल्पना वर्मा

 Cover by Siyapooja aur Alpana Verma

====================

Oct 14, 2017

तुम सो जाओ मैं गाऊँ !

तुम सो जाओ मैं गाऊँ !

कवयित्री- महादेवी वर्मा  जी
कविता पाठ : अल्पना वर्मा

तुम सो जाओ मैं गाऊँ ! मुझको सोते युग बीते, तुमको यों लोरी गाते; अब आओ मैं पलकों में स्वप्नों से सेज bichhaun ! प्रिय ! तेरे नभ-मंदिर के मणि-दीपक बुझ-बुझ जाते; जिनका कण कण विद्युत है मैं ऐसे प्राण जलाऊँ ! अपनी असीमता देखो, लघु दर्पण में पल भर तुम; मैं क्यों न यहाँ क्षण क्षण को धो धो कर मुकुर बनाऊँ ? ----------
शेष कविता :- क्यों जीवन के शूलों में प्रतिक्षण आते जाते हो ? ठहरो सुकुमार ! गला कर मोती पथ में फैलाऊँ ! पथ की रज में है अंकित तेरे पदचिह्न अपरिचित; मैं क्यों न इसे अंजन कर आँखों में आज बसाऊँ ! जब सौरभ फैलाता उर तब स्मृति जलती है तेरी; लोचन कर पानी पानी मैं क्यों न उसे सिंचवाऊँ । इन भूलों में मिल जाती, कलियां तेरी माला की; मैं क्यों न इन्ही काँटों का संचय जग को दे जाऊँ ? हंसने में छुप जाते तुम, रोने में वह सुधि आती; मैं क्यों न जगा अणु अणु को हंसना रोना सिखलाऊँ !
======================

Sep 30, 2017

लागी छूटे न ...फिल्म -काली टोपी लाल रुमाल

लागी छूटे न
------------
फिल्म -काली टोपी लाल रुमाल
संगीतकार -चित्रगुप्त
गीतकार-मजरूह
मूल गायक -रफ़ी और लता



       कवर प्रस्तुति -सफ़ीर और अल्पना
       -------------------
    लागी छूटे ना अब तो सनम
 चाहे जाए जिया तेरी क़सम
 लागी छूटे ना ...

 तुझको पुकारे बन के दीवाना ना माने रे जिया --
        ओ जी हो
 प्यार किया तो करके निभाना सुनो जी रसिया
 ओ प्यार किया तो प्यार किया तेरी क़सम
 लागी छूटे ना ...
 दूर हूँ फिर भी दिल के क़रीब निशाना है तेरा
 सोच ले फिर से एक गरीब दीवाना है तेरा
 सोच लिया जी सोच लिया तेरी क़सम
 लागी छूटे ना ...

 जब से लड़ी है तुझसे निग़ाहें तड़प रहा दिल
 देख के चलना प्यार की राह बड़ी है मुश्किल
 देख लिया जी देख लिया तेरी क़सम
 लागी छूटे ना ...
==================
==========
   
===========================

Sep 18, 2017

सम्पूर्ण बाल रामकथा -ध्वनि पुस्तक

सम्पूर्ण बाल रामकथा जो कि १२ खण्डों में यहाँ प्रस्तुत की जा रही है ,आशा है आपको पसंद आएगी .
ये कथा महर्षि वाल्मीकि जी के द्वारा लिखी रामायण पर ही आधारित है ,जिसे मधुकर उपाध्याय जी ने बड़े ही सरल शब्दों में संक्षेप में लिखा है .यह विशेष रूप से बच्चों के लिए ही लिखी गयी है ,लेकिन जिन्होंने पढ़ी नहीं उनके लिए भी लाभकारी होगी ,थोड़े समय में पूरी कहानी को जान लेने का बेहतर उपाय .
प्रस्तुत है बाल रामकथा  -:
===================================
=======================

Aug 27, 2017

ओ घटा साँवरी -फिल्म-अभिनेत्री

फिल्म-अभिनेत्री
मूल गायिका -लता मंगेशकर
संगीतकार-लक्ष्मीकांत -प्यारेलाल
गीतकार -मजरूह सुल्तानपुरी
प्रस्तुत गीत में स्वर -अल्पना वर्मा
=========
गीत -
====
ओ घटा साँवरी, थोड़ी थोड़ी बावरी, हो गयी हैं बरसात क्या!
हर साँस है बहकी हुई, अब की बरस है ये बात क्या!
हर बात है बहकी हुई, अब की बरस  है ये बात क्या!

1-पा के अकेली मुझे, मेरा आँचल मेरे साथ उलझे
छू ले अचानक कोई, लट में ऐसे मेरा हाथ उलझे
क्यो रे बादल तू ने छूआ  मेरा हाथ क्या?

2-आवाज़ थी कल यही, फिर भी ऐसे लहकती ना देखी
पग में थी पायल मगर, फिर भी ऐसे छनकती ना देखी
चंचल हो गये घुँगरू मेरे रातोरात क्या!

3-मस्ती से बोझल पवन, जैसे साया कोई मन पे डोले
बरखा की हर बूँद पे, थरथरी सी मेरे तन पे डोले
पागल मौसम जा रे तू, लगा मेरे साथ क्या!
 ओ घटा साँवरी, ......
-------------------------
Cover song---Vocals- Alpana
===================
MP3 download here
==================
विडियो
 
=========================

Aug 21, 2017

लग जा गले के फिर ये ...फिल्म: वो कौन थी ?

फिल्म : वो कौन थी ?
गीतकार -राजा मेहदी अली खान
संगीतकार -मदन मोहन
मूल गायिका :  लता मंगेशकर

प्रस्तुत गीत में स्वर - अल्पना वर्मा
--------------------------------------

--------------------------------------
Mp3 Download or Play Here

 lyrics-Lag ja gale se
--------------------
लग जा गले कि फिर ये हसीं रात हो न हो
शायद फिर इस जनम में मुलाक़ात हो न हो
लग जा गले से ...

१.हमको मिली हैं आज, ये घड़ियाँ नसीब से
जी भर के देख लीजिये हमको क़रीब से
फिर आपके नसीब में ये बात हो न हो
फिर इस जनम में मुलाक़ात हो न हो
लग जा गले ....................

२.पास आइये कि हम नहीं आएँगे बार-बार
बाहें गले में डाल के हम रो लें ज़ार-ज़ार
आँखों से फिर ये प्यार कि बरसात हो न हो
शायद फिर इस जनम में मुलाक़ात हो न हो

लग जा गले कि फिर ये हसीं रात हो न हो
शायद फिर इस जनम में मुलाक़ात हो न हो
लग जा गले कि फिर ये हंसी रात हो न हो

===================

Aug 16, 2017

ढ़लती जाए रात ...फिल्म: रज़िया सुल्तान


फिल्म- रज़िया सुल्तान [१९६१]
मूल गायक : रफ़ी, आशा भोंसले
संगीतकार: लच्छी राम
गीतकार: आनंद  बख्शी
प्रस्तुत गीत में स्वर - सफ़ीर और अल्पना
--------------

--------------
Mp3 Download OR Play

गीत के बोल -

ढ़लती  जाए रात कह ले दिल की बात
शमा-परवाने का न होगा फिर साथ
ढलती जाए रात …

१.मस्त नज़ारे चाँद सितारे रात के मेहमाँ हैं ये सारे
उठ जाएगी शब की महफ़िल नूर-ए-सहर के सुनके नक्कारे
हो न हो दुबारा मुलाक़ात
ढ़लती  जाए रात …

२.नींद के बस में खोई-खोई कुल दुनिया है सोई-सोई
ऐसे में भी जाग रहा है हम-तुम जैसा कोई-कोई
क्या हसीं है तारों की बारात
ढ़लती जाए रात …

जो भी निग़ाहें चार है करता उसपे ज़माना वार है करता
हूँ राह-ए-वफ़ा का बन के राही फिर भी तुम्हें दिल प्यार है करता
बैठा ना हो ले के कोई घात
ढ़लती जाए रात …
================================

Aug 10, 2017

साज़-ए-दिल छेड़ दे -फ़िल्म: पासपोर्ट (1961)

फ़िल्म: पासपोर्ट (1961)
 मूल गायक: मोहम्मद रफ़ी, लता मंगेशकर
संगीतकार: कल्याणजी-आनंदजी
गीतकार: फारुख कैसर

Play or download MP3 Here


-
============
प्रस्तुत गीत में स्वर -सफ़ीर  और अल्पना
------------------
Saaze Dil chhed de-
Lyrics :


साज़-ए-दिल छेड़ दे
क्या हसीं रात है
कुछ नहीं चाहिए
तू अगर साथ है
साज़-ए-दिल छेड़ दे …

मुझे चाँद क्यूँ तकता है
मेरा कौन ये लगता है
मुझे शक़ यही होता है
मेरे चाँद से जलता है
हमें इसकी क्या परवाह है
साज़-ए-दिल छेड़ दे  …

तेरे दर पे सर झुक जाए
यहीं ज़िन्दगी रुक जाए
कली दिल की ये खिल जाए
ख़ुशी प्यार की मिल जाए
कभी फिर ग़मी न आए
साज़-ए-दिल छेड़ दे  …
==================
==================

Aug 9, 2017

अच्छा जी, मैं हारी .... ..काला पानी (1958)

अच्छा जी, मैं हारी .... ..
फिल्म-काला पानी (1958)
संगीतकार -एस.डी.बर्मन
गीतकार-मजरूह सुल्तानपुरी
मूल गायक -मो.रफ़ी, आशा भोसले
प्रस्तुत गीत में स्वर - अल्पना और सफ़ीर
Download here Or Play 
===============


===============

गीत के बोल
------
अच्छा जी मैं हारी, चलो, मान जाओ ना
देखी सबकी यारी, मेरा दिल, जलाओ ना

१.छोटे से क़ुसूर पे, ऐसे हो खफ़ा
रूठे तो हुज़ूर थे, मेरी क्या खता
देखो दिल ना तोड़ो,छोड़ो हाथ छोड़ो
छोड़ दिया तो हाथ मलोगे, समझे..
अजी समझे...
अच्छा जी मैं हारी, चलो...

२.जीवन के ये रास्ते, लम्बे हैं सनम
काटेंगे ये ज़िंदगी, ठोकर खा के हम
ज़ालिम साथ ले ले ,अच्छे हम अकेले
चार कदम भी चल न सकोगे, समझे?हाँ ,समझे...
अच्छा जी मैं हारी, चलो...

३.जाओ रह सकोगे ना, तुम भी चैन से
तुम तो खैर लूटना जीने के मज़े
क्या करना है जी के,हो रहना किसी के
हम ना रहे तो याद करोगे, समझे?समझे!
अच्छा जी मैं हारी, चलो...
==================

Jul 31, 2017

दिल उसे दो जो जान दे दे...

दिल उसे दो जो जान दे दे
फ़िल्म :अंदाज़
संगीतकार - शंकर जयकिशन
गीतकार-शैलेन्द्र
मूल गायक -मो.रफ़ी और आशा भोसले
प्रस्तुत गीत में आवाजें -सफीर अहमद और अल्पना वर्मा
==============


 ==============
MP3 Download or Play here
===============

================
Lyrics-Dil udey do jo jan de de
-----------
दिल उसे दो जो जान दे दे,
जान उसे दो जो दिल दे दे

१) ये प्यार के नज़ारे हैं देख लो जिधर
अब नाचती है दुनिया खुशी का है असर
लो खत्म हुआ है ये आज का सफ़र
अब होगी सुहानी वो कल की सहर, दिल उसे ...

२) जो सोचते रहोगे तो कुछ न मिलेगा
जो चुपके रहोगे तो काम न बनेगा
जो दिल में जलोगे तो अरमान रहेगा
जो बढ़ते चलोगे तो रास्ता मिलेगा, दिल उसे ...

३) वो गुंचा नहीं है जो खिलना न जाने
वो बाद-ए-सबा क्या जो चलना न जाने
वो बिजली नहीं जो चमकना न जाने
वो इन्सान नहीं जो तड़पना न जाने, दिल उसे ...
======================

Jul 25, 2017

न जाने कहाँ तुम थे -फिल्म- ज़िन्दगी और ख़्वाब



फिल्म- ज़िन्दगी और ख़्वाब [१९६१]
संगीतकार -दत्ताराम
गीतकार- प्रदीप
मूल गायक -सुमन कल्यानपुर और मन्ना डे
------------


-------------
प्रस्तुत गीत में स्वर - अल्पना और सफ़ीर
Download here Or Play 
----------
Lyrics-
न जाने कहाँ तुम थे, न जाने कहाँ हम थे
जादू ये देखो हम तुम मिले हैं न जाने कहाँ हम थे,
न जाने कहाँ तुम थे अब तो मिलन के सपने खिले हैं...

१. कितने दिनोंपर मिली हैं निगाहें
अब तुम न जाना छुड़ाकर ये बाहें
तुम्हारा ये साथ प्यारा हम क्यों न चाहें ...

२.किसे था पता यूँ हम तुम मिलेंगे
उजड़े हुए दिल फिर से बसेंगे
मोहब्बत के बंधन में हम तुम बधेंगे...

न जाने कहाँ तुम थे ....न जाने  कहाँ हम थे...
==================

Jul 7, 2017

पर्बतों के पेड़ों पर ...फिल्म-शगुन

पर्बतों के पेड़ों पर ....
----------------------
फिल्म-शगुन
संगीतकार-खय्याम
गीतकार-साहिर लुधयानवी
मूल गायक -सुमन कल्यानपुर और मो.रफ़ी
प्रस्तुत गीत में स्वर- सफीर अहमद और अल्पना वर्मा
----------------------
 
 -----------------------

Download Mp3 or Play here
-----------------------

परबतों के पेड़ों पर शाम का बसेरा है
सूरमई उजाला है, चम्पई  अंधेरा है
सूरमई उजाला है

१.दोनों वक़्त मिलते हैं दो दिलों की सूरत से
दोनों वक़्त मिलते हैं दो दिलों की सूरत से
आसमान ने खुश होकर रंग सा बिखेरा है
आसमान ने खुश होकर........

२.ठहरे-ठहरे पानी में गीत सर-सराते हैं
ठहरे-ठहरे पानी में गीत सर-सराते हैं
भीगे-भीगे झोंकों में खुश्बुओं का डेरा है
भीगे-भीगे झोंकों में खुश्बुओं का डेरा है
परबतों के पेड़ों पर................

३.क्यूँ ना जज़्ब हो जाएँ इस हसीन नज़ारे में
क्यूँ ना जज़्ब हो जाएँ इस हसीन नज़ारे में
रोशनी का झुरमट है मस्तियों का घेरा है
रोशनी का झुरमट है मस्तियों का घेरा है
परबतों के पेड़ों पर....................

4.अब किसी नज़ारे की दिल को आरज़ू क्यों हो
अब किसी नज़ारे की दिल को आरज़ू क्यों हो
जब से पा लिया तुम को सब जहाँ मेरा है
जब से पा लिया तुम को सब जहाँ मेरा है
परबतों के पेड़ों पर शाम का बसेरा है
===============================
===============================

Jul 2, 2017

संसार से भागे फिरते हो...स्वर : अल्पना


फिल्म-चित्रलेखा
 गीतकार -साहिर
 संगीतकार -रोशन
 मूल गायक : लता मंगेशकर
 प्रस्तुत गीत में स्वर -अल्पना वर्मा
 -------------------------------
 
-------------------------------
संसार से भागे फिरते हो, भगवान को तुम क्या पाओगे
इस लोक को भी अपना न सके, उस लोक में भी पछताओगे .

ये पाप है क्या, ये पुण्य है क्या, रीतों पे धरम की मुहरें हैं
हर युग में बदलते धर्मों को कैसे आदर्श बनाओगे

ये भोग भी एक तपस्या है, तुम त्याग के मारे क्या जानो
अपमान रचयिता का होगा, रचना को अगर ठुकराओगे

हम कहते हैं ये जग अपना है, तुम कहते हो झूठा सपना है
हम जन्म बिता कर जायेंगे, तुम जन्म गंवा कर जाओगे


 ------------------------------
Mp3 Download or Play --
------------------------------
  -

------------------------------

Jul 1, 2017

कभी कुछ पल जीवन के..

फिल्म-रंग बिरंगी [१९८३]
संगीत -राहुलदेव बर्मन
गीतकार -योगेश

मूल गायिकाएँ : अनुराधा पौडवाल और आरती मुखर्जी

प्रस्तुत गीत में स्वर -अल्पना वर्मा


 कभी कुछ पल जीवन के, लगता है कि चलते-चलते
कुछ देर ठहर जाते हैं
१.हर दिन की हलचल से, आज मिली ख़ामोशी
आ: हल्की है तन-मन में प्यार भरी मदहोशी
बदले-बदले मौसम के, मुझे रंग नज़र आते हैं
कभी कुछ पल जीवन के ...

२. फ़ुरसत की ये घड़ियाँ रोज़ कहाँ मिलतीं हैं
अनु: अब ख़ुशियाँ हाथ मेरा थामे हुए चलतीं हैं
मेरे साथ गगन ये धरती, मेरा गीत मधुर गाते हैं
कभी कुछ पल जीवन के ...

३.कितना भला लगता है सूरज का ये ढलना
आ: हो, दुनिया से दूर छुपके यहाँ, तेरा-मेरा यूँ मिलना
कभी-कभी दीवानेपन की हम हद से गुज़र जाते हैं
कभी कुछ पल जीवन के ...
=============================
MP3 download or play here
-----------------------------

- =============================

May 12, 2017

तुम बिन सजन बरसे नयन-फ़िल्म-ग़बन[१९६६]

lyrics -

तुम बिन सजन बरसे नयन, जब-जब बादल बरसे
मजबूर हम, मजबूर तुम, दिल मिलने को तरसे

नागिन-सी ये रात अँधेरी, बैठी है दिल को घेरके
रूठे जो तुम, सब चल दिए मुख फेरके
तुम बिन सजन …

May 2, 2017

Apr 28, 2017

वो कागज़ की कश्ती, वो बारिश का पानी

वो कागज़ की कश्ती, वो बारिश का पानी

ये दौलत भी ले लो, ये शोहरत भी ले लो
भले छीन लो मुझसे मे``री जवानी
मगर मुझको लौटा दो बचपन का सावन
वो कागज़ की कश्ती, वो बारिश का पानी
वो कागज़ की कश्ती, वो बारिश का पानी

Apr 2, 2017

अपने आप रातों में-फिल्म-शंकर हुसैन [१९७७]

फिल्म-शंकर हुसैन [१९७७]
गीतकार-कैफ भोपाली
संगीतकार-खय्याम
मूल गायिका-लता जी
प्रस्तुत गीत में स्वर-अल्पना वर्मा
-----------------------------------

Mar 26, 2017

दो घड़ी वो जो पास आ बैठे-फ़िल्म-गेटवे ऑफ़ इंडिया [1957]

फ़िल्म-गेटवे ऑफ़ इंडिया [1957]
संगीतकार - मदन मोहन
गीतकार -राजेंद्र कृष्ण
मूल गायक - मोहम्मद रफी लता मंगेशकर

Mar 23, 2017

धीरे धीरे चल चाँद गगन में-फ़िल्म: लव मैरिज (1959)

फ़िल्म: लव मैरिज (1959)
गायक: मोहम्मद रफ़ी, लता मंगेशकर
संगीतकार: शंकर-जयकिशन
गीतकार: हसरत जयपुरी
अदाकार: देव आनंद, माला सिन्हा

Mar 16, 2017

एक सवाल मैं करूँ एक सवाल तुम - फिल्म: ससुराल [१९६१]

फ़िल्म: ससुराल [१९६१]
मूल गायक मोहम्मद रफ़ी, लता मंगेशकर
संगीतकार:शंकर - जयकिशन
गीतकार:शैलेन्द्र
============================

 =============================
MP3 Download or Play
=============================
Cover singers- Safeer and Alpana
----------------------------------------------------
Lyrics
-----------------------------
एक सवाल मैं करूँ एक सवाल तुम करो
हर सवाल का सवाल ही जवाब हो
एक सवाल मैं करूँ ...

प्यार की बेला साथ सजन का फिर क्यों दिल घबराये
नैहर र से घर जाती दुल्हन क्यों नैना छलकाये
है मालूम कि जाना होगा, दुनियाँ एक सराय
फिर क्यों जाते वक़्त मुसाफ़िर रोये और रुलाये
- फिर क्यों जाते वक़्त मुसाफ़िर रोये और रुलाये!
एक सवाल मैं करूँ ...

चाँद के माथे दाग है फिर भी चाँद को लाज न आये
उसका घटता बढ़ता चेहरा क्यों सुन्दर कहलाये
काजल से नैनों की शोभा क्यों दुगुनी हो जाये
गोरे गोरे गाल पे काला तिल क्यों मन को भाये
- गोरे गोरे गाल पे काला तिल क्यों मन को भाये
एक सवाल मैं करूँ ...

उजियारे में जो परछाई पीछे पीछे आये
वही अन्धेरा होने पर क्यों साथ छोड़ छुप जाये
सुख में क्यों घेरे रहते हैं अपने और पराये
बुरी घड़ी में क्यों हर कोई देख के भी क़तराये
- बुरी घड़ी में क्यों हर कोई देख के भी क़तराये
एक सवाल मैं करूँ ...

==============================
.

Mar 15, 2017

एक डाल पे तोता बोले -फिल्म: चोर मचाए शोर-[1974]

फ़िल्म:
गायक: मोहम्मद रफ़ी, लता मंगेशकर
संगीतकार: रवींद्र जैन
गीतकार:इंद्रजीत सिंह तुलसी
अदाकार:शशि कपूर और मुमताज़
=======================

 =============================
MP3 Download or Play
=============================
Cover singers- Safeer and Alpana
----------------------------------------------------

-----------------------------
एक डाल पर तोता बोले
एक डाल पर तोता बोले
एक डाल पर मैना
दूर दूर बैठे है लेकिन
प्यार तो फिर भी है न
बोलो है न, है न है न
ओ एक डाल पर तोता बोले,
एक डाल पर मैना
मैं तेरे नैनो की निंदिया,
तू मेरे दिल का चैना
बोलो है न, है न है न
एक डाल पर तोता बोले

ये क्या मुझको हो गया साजन
कभी रोऊँ कभी गाउँ
पेड़ से लिपटी बेल जो देखूं
लाज से मर मर जाऊँ
ये पागलपन कैसा
कब से हो गया ऐसा
बिन बतलाये समझो साजन
आज नहीं कुछ कहना
बोलो है न, है न है न
है न
एक डाल पर तोता बोले

आँधी आये तूफ़ान आये
या बरसे, बरसाते
एक दूजे में खो जाये हम
खत्म न हो दिन राते
खत्म न हो दिन राते
मीठी प्यार की बातें
होंठ अगर खामोश रहें तो
बोल उठेंगे नैना
बोलो है न, है न है न
है न
एक डाल पर तोता बोले

जनम जनम रे साजन,
पल में बुझेगी कैसे
जीवन भर ये संग न छूटे,
अंग लगा तो ऐसे
आ मिल जाएँ ऐसे,
सागर नदिया जैसे
सिख लिया है प्यार में हमने,
मिटाकर ज़िंदा रहना
बोलो है न, है न है न

एक डाल पर तोता बोले,
एक डाल पर मैना
दूर दूर बैठे है लेकिन,
प्यार तो फिर भी है न
बोलो है न, है न है न

==============================
.

Mar 12, 2017

दिल पुकारे आरे आ रे आरे - फिल्म: ज्वेल थीफ़(१९६७ )

फ़िल्म: ज्वेल थीफ़(१९६७ )
गायक: मोहम्मद रफ़ी, लता मंगेशकर
संगीतकार:सचिन देव बर्मन
गीतकार:आनंद बक्षी
अदाकार:देव आनंद और वैजंतीमाला
============================

=============================
MP3 Download or Play
=============================
Cover singers- Safeer and Alpana
----------------------------------------------------
Dil pukare aa re aa re aare
-----------------------------
दिल पुकारे, आ रे आ रे आ रे –
अभी ना जा मेरे साथी
दिल पुकारे, आरे आरे आरे
ओ… अभी ना जा मेरे साथी
दिल पुकारे आ रे आ रे आ रे

1.बरसों बीते दिल पे काबू पाते
हम तो हारे तुम ही कुछ समझाते
समझाती मैं तुमको लाखों अरमां
खो जाते हैं लब तक आते आते
ओ… पूछो ना कितनी, बातें पड़ी हैं
दिल में हमारे
दिल पुकारे, आ रे आ रे आ रे

2.पाके तुमको है कैसी मतवाली
आँखें मेरी बिन काजल के काली
जीवन अपना मैं भी रंगीन कर लूँ
मिल जाये जो इन होठों की लाली
ओ… जो भी है अपना, लायी हूँ सब कुछ
पास तुम्हारे
दिल पुकारे, आ रे आ रे आ रे

3.महका महका आँचल हल्के हल्के
रह जाती हो क्यों पल्कों से मलके
जैसे सूरज बन कर आये हो तुम
चल दोगे फिर दिन के ढलते ढलते
ओ… आज कहो तो मोड़ दूं बढ़के
वक़्त के धारे
दिल पुकारे, आ रे आ रे आ रे
ओ… अभी ना जा मेरे साथी
दिल पुकारे आरे आरे आरे
अभी ना जा मेरे साथी
दिल पुकारे आ रे आ रे आ रे

==============================
.

Mar 10, 2017

देखो रूठा ना करो-फ़िल्म: तेरे घर के सामने (1963)

फ़िल्म: तेरे घर के सामने  (1963)
गायक: मोहम्मद रफ़ी, लता मंगेशकर
संगीतकार: सचिन देव बर्मन
गीतकार: हसरत जयपुरी
अदाकार: देव आनंद, नूतन
====================================


===================================
MP3 Download or Play
=============================
Cover singers- Safeer and Alpana
----------------------------------------------------
Dekho rutha na karo-Lyrics
-----------------------------
देखो रूठा ना करो, बात नज़रों की सुनो
हम ना बोलेंगे कभी, तुम सताया ना करो

1.चेहरा तो लाल हुआ, क्या क्या हाल हुआ
इस अदा पर तेरी, मैं तो पामाल  हुआ
तुम बिगड़ने जो लगो,  और भी हंसीं लगो
हम न बोलेंगे कभी, तुम सताया ना करो
देखो रूठा ना करो...

2.जान पर मेरी बनी, आपकी ठहरी हंसी
हाय मैं जान गई, प्यार की चिकनागरी
दिल जलाने के लिये, ठंडी आहें न भरो
देखो रूठा ना करो...

3.तेरी खुशबू ने मेरे, होश भी छीन लिये
है खुशी आज हमें, तेरे पहलू में गिरे
दिल की धड़कन पे ज़रा, फूल सा हाथ रखो
हम न बोलेंगे कभी...
4.क्या कहेगा ये समा, इन राहों का धुँआ
लाज आए मुझे, मुझको लाए हो कहाँ
हम तुम्हें मान गए, तुम बड़े वो हो हटो
देखो रूठा ना करो...
==============================
.

Mar 8, 2017

छोड़ कर तेरे प्यार का दामन -फिल्म: वो कौन थी [१९६४]

फिल्म: वो कौन थी [१९६४]
गीतकार :राजा मेहदी अली खान
संगीतकार :मदन मोहन
मूल गायक -लता मंगेशकर और मो. रफ़ी
============================================

============================================
This cover song is sung by Safeer and Alpana
---------------------------------------------------
Mp3 Download Or Play here
---------------------------------------------------

Lyrics-
------------
छोड़कर तेरे प्यार का दामन ये बता दे के हम किधर जाएँ
हम को डर है के तेरी बाहों में , हम खुशी से ना आज मर जाएँ

१.मिल गए आज काफिले दिल के, हम खड़े हैं  करीब मंजिल के
मुस्कराकर  जो तुम ने देख लिया, मिट गए हँस के सब गिले दिल के
कितनी प्यारी है ये हसीं घड़ियाँ , इन से कह दो यहीं ठहर  जाएँ

2.तेरे कदमो पे जिन्दगी रख दूँ  अपनी आंखों की रोशनी रख दूँ
तू अगर खुश हो मै तेरे दिल में अपने दिल की हर इक खुशी रख दूँ
मेरे हमदम मेरी खुशी ये है, तू नजर आये, हम जिधर जाएँ
3.देखकर प्यार इन निगाहों में
दीप से जल गए हैं राहों में
तुमसे मिलते न हम तो ये दुनिया दूब जाती हमारी आहों में
अपनी आहों से आज ये कह दो
अब न होठों पे उम्र भर आएँ


छोड़कर तेरे प्यार का दामन ये बता दे के हम किधर जाएँ
हम को डर है के तेरी बाहों में , हम खुशी से ना आज मर जाएँ
--------------------------------------
--------------------------------------

Mar 6, 2017

तुम्हारी नज़र क्यूँ खफा हो गई -फिल्म: दो कलियाँ [१९६८]

फिल्म: दो कलियाँ [१९६८]
गीतकार :साहिर लुधयानवी
संगीतकार :रवि
मूल गायक -लता मंगेशकर और मो. रफ़ी
==============================

==============================
Mp3 Download Or Play here
==============================
Cover singers -Safeer and Alpana
--------------------------------------------------
Lyrics-
------------
तुम्हारी नज़र क्यूँ खफा हो गई
ख़ता बख़्श दो गर ख़ता हो गई
हमारा इरादा तो कुछ भी ना था
तुम्हारी खता खुद सज़ा हो गई

 १.सज़ा  ही सही अज कुछ तो मिला है,
 सज़ा मे भी इक प्यार का सिलसिला है..
मोहब्बत का अब कुछ भी अंजाम हो
मुलाक़ात की इब्तिदा हो गई

2.मुलाक़ात पे इतने मगरूर क्यों  हो,
हमारी खुशामद पे मजबूर क्यों  हो..
मनाने की आदत कहाँ पड़ गयी
सताने की  तालीम क्या हो गई

3.सताते ना हम तो मानते ही कैसे,
तुम्हे अपने नज़दीक लाते  ही कैसे..
इसी दिन का चाहत को अरमान था
क़ुबूल आज दिल की दुआ हो गई

तुम्हारी नज़र क्यूँ खफा हो गई
खता बख्श दो ग़र खता हो गई
--------------------------------------
=======================

Mar 2, 2017

वो हैं ज़रा खफ़ा खफा -फिल्म: शागिर्द [१९६७]

फिल्म-शागिर्द [१९६७]
संगीतकार -लक्ष्मीकान्त प्यारेलाल
गीतकार -मजरूह सुल्तानपुरी
मूल गायक -लता मंगेशकर और मो. रफ़ी

=================================

=================================
MP3 Download or Play here
-------------------------------------------------------
Singers of this version- Safeer and Alpana
=================================
वो हैं ज़रा खफा ख़फा तो नैन यूँ चुराए हैं
के हो ...ना बोल दूँ तो क्या करूँ
वो हँस के यूँ बुलाए हैं..के हो

१.हँस रही है चांदनी
मचल के रो ना दूँ कहीं
ऐसे कोई रूठता नहीं
ये तेरा ख़याल है
करीब आ मेरे हसीं
मुझको तुझसे कुछ गिला नहीं
बात यूँ बनाए हैं
के हो..
2.फूल को महक मिले
ये रात रंग में ढले
मुझसे तेरी जुल्फ गर खुले
तुम ही मेरे संग हो
गगन की छाँव के तले
ये रुत यूँ ही भोर तक चले
प्यार यूँ जताए हैं
के हो…
3.ऐसे मत सताइए
ज़रा तरस तो खाइए
दिल की धड़कन मत जगाइए
कुछ नहीं कहूँगा मैं
ना अन्खड़ियाँ झुकाइए
सर को काँधे से उठाइये
ऐसे नींद आये है
के हो..हो.....
वो हैं ज़रा खफा ख़फा...............
========================
========================

Mar 1, 2017

चलो दिलदार चलो -फिल्म: पाकीज़ा (1972)


फ़िल्म –  पाकीज़ा  (1972)
 मूल गायक – मोहम्मद रफ़ी और लता मंगेशकर 
संगीतकार –ग़ुलाम मोहम्मद
 गीतकार – कैफ़ भोपाली
================================================


===============================================
Cover sung by Safeer and Alpana
---------------------------------------------------
Download or Play Mp3 here
==========================
Lyrics-Chalo dildar chalo
---------------------------------------------
चलो दिलदार चलो, चाँद के पार चलो
हम हैं तैयार चलो

१.आओ खो जाएँ सितारों में कहीं
छोड़ दे आज दुनियाँ ये ज़मीं
चलो दिलदार चलो…

2.हम नशे में हैं संभालो हमें तुम
नींद आती है जगा लो हमें तुम
चलो दिलदार चलो…

3.ज़िन्दगी ख़त्म भी हो जाये अगर
ना कभी ख़त्म हो उल्फत का सफ़र
चलो दिलदार चलो

=============================
=============================

Feb 24, 2017

जाना है हमें तो जहाँ क़रार मिले -फिल्म: पाँच दुश्मन [1970]

फिल्म : पाँच दुश्मन /दौलत के दुश्मन [१९७० ]
संगीतकार- राहुल देव बर्मन
गीतकार -मजरूह सुल्तानपुरी
मूल गायक -किशोर कुमार  और लता
================================

================================
This Cover song is sung by Safeer and Alpana
================================
Mp3 download or Play here

----------------------------------------------------------

Lyrics-Jana hai hamen to jahan
-----------------------------------------------
जाना है हमें तो जहाँ  क़रार मिले
लूटेंगे राहों में जहाँ  बहार मिले
जाना है................

१. जब तक चलूँ चलती रहूँ मैं
बाहों के साये में तेरे
 जाना हमें कहां यह भी नहीं सोचें
नींद सी आँखों में भरे
 मंज़िल हमें मिले न मिले,तेरा प्यार मिले
जाना है हमें तो ...

2.मुझे दुनिया में जीने का सहारा
काफ़ी है दिल की लगी
कुछ भी ना चाहूँ रहे मेरे लिये
यह तेरे होंठों की हँसी
 सारी दुनिया से लेना हमें क्या,हमको यार मिले
जाना है हमें तो ...

3.तेरे संग पिया पड़ते हैं मेरे
नीलगगन पे क़दम
तुम हो मेरे तो धरती घटा पे,राज हमारा है सनम
हो आज नज़ारे सर झुका के,सौ सौ बार मिले
 जाना है हमें तो ...

===============================
===============================

Feb 23, 2017

ये मौसम रंगीन समा -फिल्म: मॉडर्न गर्ल [१९६०]

फिल्म : मॉडर्न गर्ल [१९६०]
संगीतकार- रवि
गीतकार -गुलशन बावरा
मूल गायक -मुकेश और सुमन कल्यानपुर
================================

================================
This Cover song is sung by Safeer and Alpana
================================
Mp3 download or Play here
----------------------------------------------------------

Lyrics-Ye mausam rangeen sama
-----------------------------------------------

ये मौसम रंगीन समा,
ठहर ज़रा ओ जान-ए-जाँ
तेरा मेरा, मेरा तेरा प्यार है,
तो फिर कैसा शरमाना

रुक तो मैं जाऊँ जान-ए-जां,
मुझको है इन्कार कहाँ  तेरा मेरा,
मेरा तेरा प्यार सनम,ना बन जाये अफ़साना

१.ये चाँद ये सितारें,कहते हैं मिल के सारे,
आजा प्यार करे
ये चंदा बैरी देखे,ऐसे में बोलो कैसे इक़रार करे
दिल में है कुछ,कुछ कहे जुबां
प्यार यही है जान-ए-जां
तेरा मेरा, मेरा तेरा प्यार है,तो फिर कैसा शरमाना


2.ये प्यार की लंबी राहें,कहती हैं ये निगाहें कहीं दूर चले
बैठे हैं घेरा डाले,ये ज़ालिम दुनिया वाले,
हमें देख जले
जलता है तो जले जहाँ
ठहर ज़रा ओ जान-ए-जाँ
तेरा मेरा, मेरा तेरा प्यार है,तो फिर कैसा शरमाना

रुक तो मैं जाऊँ जान-ए-जां,
मुझको है इन्कार कहाँ  तेरा मेरा,
मेरा तेरा प्यार सनम,ना बन जाये अफ़साना
===============================
===============================

Feb 22, 2017

हाथ आया है जब से तेरा हाथ में -फिल्म: दिल और मोहब्बत



फिल्म -  (1966)
गीतकार -शेज़ान रिज़वी
संगीतकार- ओ पी नय्यर
मूल गायक-महेंद्र कपूर और आशा भोसले
--------------------------------------------------------------
प्रस्तुत गीत में स्वर -Safeer Ahmad and Alpana Verma
==================================

==================================

MP3 Download /Play here
-----------------------------------------
Haath aaya  hai jab se tera haath mein -Song-Lyrics
---------------------------------------------
हाथ आया है
हाथ आया है जब से तेरा हाथ में
आ गया है नया रंग जज़बात में
मै कहा हूँ  मुझे ये खबर  ही नही
तेरे क़दमो पे ही गिर ना जाऊँ कहीं
हाथ आया है

१.दिल में  नज़रों  से छुप छुप के आया है तू
दिल चुरा के मेरा मुस्कुराया है तू
तू कहे तो मै..
एक बात तुझ से कहूँ
मेरा साथी नहीं नही बल्कि साया है तू..
उँगलियाँ  जब ज़माने की मुझ पर उठे
खो ना जाना कही ऐसे हालात मे
रोशनी ज़िन्दगी में  मुहब्बत से है
वरना रखा है क्या चांदनी रात में
हाथ आया है

2.दिल के जज़बात को मै ना ठुकाराऊँगा
बल्कि तसवीरे-जज़बात बन जाऊँगा
हक मुहब्बत का
हक मुहब्बत का होता है कैसे अदा
वक़्त आया तो मै ये भी दिखलाऊँगा
प्यार के देवता के क़दम चूम कर
ज़िन्दगी नज़र कर दूँगी  सौगात में
अब न घबराओ मंज़िल की दूरी से तुम
तुम अकेले नही मै भी हूँ  साथ में
हाथ आया है..................
---------------------------------------------------
==============================

Feb 20, 2017

छुपा लो यूँ दिल में -फिल्म: ममता (1966)

Suchitra suchitraSen

फिल्म -ममता  (1966)
गीतकार -मजरुह सुलतानपुरी
संगीतकार- रोशन
मूल गायक-हेमंत कुमार  और लता मंगेशकर
--------------------------------------------------------------
प्रस्तुत गीत में स्वर -Safeer Ahmad and Alpana Verma
==================================

==================================

MP3 Download & Play here
-----------------------------------------
Chhupa lo yun dil mein-Song-Lyrics
---------------------------------------------
छुपा लो यूँ दिल में प्यार मेरा
के जैसे मंदिर में लौ दिए की
तुम अपने चरणों में रख लो मुझको
तुम्हारे चरणों का फूल हूँ मैं
मैं सर झुकाए खड़ी हूँ प्रीतम
के जैसे मंदिर में लौ दिए की

ये सच है जीना, था पाप तुम बिन
ये पाप मैंने किया है अब तक
मगर थी मन में छबी तुम्हारी
के जैसे मंदिर...

फिर आग बिरहा की मत लगाना
के जल के मैं राख हो चुकी हूँ
ये राख माथे पे मैंने रख ली
के जैसे मंदिर...
------------------------------------------------------
==============================

Feb 18, 2017

मैं प्यार का राही हूँ -फिल्म :एक मुसाफिर एक हसीना (1962)

फिल्म -एक मुसाफिर एक हसीना (1962)
गीतकार -राजा मेहदी अली खान
संगीतकार-ओ.पी.नैय्यर
मूल गायक-मो रफ़ी और आशा भोसले
--------------------------------------------------------------
प्रस्तुत गीत में स्वर -Safeer Ahmad & Alpana Verma
==================================

==================================
MP3 Download & Play here
-----------------------------------------
Main pyar ka raahi hun-Song-Lyrics
---------------------------------------------
मैं प्यार का राही हूँ, तेरी ज़ुल्फ के साए में
कुछ देर ठहर जाऊँ
तुम एक मुसाफिर हो, कब छोड़ के चल दोगे
ये सोच के घबराऊँ

१.तेरे बिन  जी लगे ना अकेले
हो सके तो मुझे साथ ले ले
नाज़नीं तू नहीं जा सकेगी
छोड़कर जिन्दगी के झमेले
जब भी छाये घटा, याद करना ज़रा
सात रंगों की हूँ मैं कहानी
मैं प्यार का राही हूँ...

2.प्यार की बिजलियाँ मुस्कुराये
देखिये आप पर गिर ना जाएँ
दिल कहे देखता ही रहूँ मैं
सामने बैठकर ये अदाएं
ना मैं हूँ नाज़नीं, ना मैं हूँ माजबी
आप ही की नजर हैं दीवानी
मैं प्यार का राही हूँ...

-------------------------------------------------
=============================

Feb 17, 2017

ओ मेरे सोना रे -फिल्म : तीसरी मंज़िल [1966]

फिल्म -तीसरी मंज़िल [1966]
गीतकार -मजरूह सुल्तानपुरी
संगीतकार-आर.डी.बर्मन
मूल गायक-मो रफ़ी और आशा भोसले
--------------------------------------------------------------
प्रस्तुत गीत में स्वर -Safeer Ahmad & Alpana Verma
==================================

==================================

MP3 Download & Play here
-----------------------------------------
O mere sona re-Song-Lyrics
---------------------------------------------
ओ मेरे सोना रे, सोना रे, सोना रे
दे दूँगी  जान जुदा मत होना रे
मैंने तुझे ज़रा देर में जाना
हुआ कुसूर खफ़ा मत होना रे
ओ मेरे सोना रे...

1.ओ मेरी बाँहों से निकल के
तू अगर मेरे रस्ते से हट जाएगा
तो लहराके, हो बलखाके
मेरा साया तेरे तन से लिपट जाएगा
तुम छुड़ाओ लाख दामां
छोड़ते हैं कब ये अरमां
कि मैं भी साथ रहूँगी, रहोगे जहाँ
ओ मेरे सोना रे...

2.ओ मियाँ हमसे न छिपाओ
वो बनावट की सारी अदाएँ लिये
कि तुम इसपे हो इतराते
कि मैं पीछे हूँ सौ इल्तिज़ाएँ लिये
जी मैं खुश हूँ, मेरे सोना
झूठ है क्या, सच कहो ना
कि मैं भी साथ रहूँगी, रहोगे जहाँ
ओ मेरे सोना रे...

3.ओ फिर हमसे न उलझना
नहीं लट और उलझन में पड़ जाएगी
ओ पछताओगी कुछ ऐसे
कि ये सुर्खी  लबों की उतर जाएगी
ये सज़ा तुम भूल न जाना
प्यार को ठोकर मत लगाना
के चला जाऊंगा फिर मैं न जाने कहाँ
ओ मेरे सोना रे...

------------------------------------------------------
==============================

Feb 16, 2017

ये रात ये फ़िज़ायें - फिल्म -बटवारा [1961]

फिल्म -बटवारा [1961]
गीतकार -मजरूह सुल्तानपुरी
संगीतकार-एस. मदान
मूल गायक-मो रफ़ी और आशा भोसले
प्रस्तुत गीत में स्वर -Safeer Ahmad and Alpana Verma
==================================

==================================

MP3 Download & Play here
-----------------------------------------
Ye Raat ye fizayen-Song-Lyrics
---------------------------------------------
ये रात ये फ़िज़ायें फिर आएँ या न आएँ
आओ शमा बुझा के हम आज दिल जलायें

१.ये नर्म सी ख़ामोशी ये रेशमी अँधेरा
कहता है ज़ुल्फ़ खोलो रुक जाएगा सवेरा
जुगनू से मिल के चमके तारे से झिलमिलायें ,
आओ शमा बुझा के हम आज दिल जलायें

२.भीगी हुई   हवा है अब रात ढल रही है
ऐसे में दो दिलों की  एक शमा जल रही है
ये प्यार का उजाला मिलके अमर बनाएँ
आओ शमा बुझा के हम आज दिल जलायें

ये रात ये फ़िज़ायें .....

-------------------------------------------------------
One of my favourite song.

==============================

Feb 15, 2017

ढल गया दिन हो गयी शाम -फिल्म : हमजोली [१९७०]

फिल्म : हमजोली [१९७०]
गीतकार-आनंद बक्षी
संगीतकार-लक्ष्मीकान्त-प्यारेलाल
मूल गायक -मो .रफ़ी और आशा भोसले
अभिनेता जीतेन्द्र और लीना चंद्रावरकर पर   फिल्माया गया

==============================


  Sung by Safeer & Alpana
==============================
MP3 download or Play here

==============================
ढ़ल  गया दिन हो गयी शाम जाने दो जाना है..
अभी अभी तोआई हो अभी अभी जाना है
ढ़ल गया दिन हो गयी शाम जाने दो जाना है
अभी अभी तो आई हो अभी अभी जाना है
ढ़लगया दिन हो गयी शाम जाने दो जाना है

१-सितम मेरे दिल पे जो ढाए कसम लगे उसको मेरी जो जाए..
ना ऐसे  देखो मुझे ना टोको ज़रा यह सोचो बुरा ज़मान है
ढ़ल गया दिन हो गयी शाम जाने दो जाना है

2-गुज़ारी साथ हमने कई रातें  ना जाने कब ख़तम होगी तेरी बातें ..
अभी ना जाना कोई तराना कोई फ़साना अभी सुनना है
ढ़ल गया दिन हो गयी शाम जाने दो जाना है.......

3-बनाते हो यह रोज ही बहाना ना जाने ना देगा आज यह दीवाना..
माना जी माना  तू है दीवाना मेरा दीवाना बड़ा सयाना है
ढ़ल गया दिन हो गयी शाम जाने दो जाना है
अभी अभी तो आई हो अभी अभी जाना है
ढ़ल गया दिन हो गयी शाम जाने दो जाना है...
==========================
==========================

Feb 14, 2017

फिर मिलोगे कभी - -फिल्म : ये रात फिर न आएगी (1966)


-
फिल्म :  ये रात फिर न आएगी (1966)
संगीतकार : ओ.पी.नैय्यर
गीतकार : एस.एच.बिहारी
मूल गायक : मो.रफ़ी और आशा भोसले 
=======================


=======================
Present Version sung by Safeer & Alpana
=======================
-------------------------------------------

गीत के बोल -

फिर मिलोगे कभी इस बात का वादा करलो
हमसे एक और मुलाकात का वादा करलो

१-दिल हर बात अधूरी है अधूरी है अभी
अपनी एक और मुलाकात ज़रूरी है अभी) 
चंद लम्हों के लिये साथ का वादा करलो
हमसे एक और मुलाकात का वादा करलो
फिर मिलोगे कभी इस बात का वादा करलो

2-आप क्यूँ दिलका हंसीं राज़ मुझे देते हैं
क्यूँ नया नग़मा नया साज़ मुझे देते हैं
मैं तो हूँ डूबी हुई प्यार की तूफ़ानों में
आप साहिल से ही आवाज़ मुझे देते हैं
कल भी होंगे यहीं जज़बात ये वादा करलो
हमसे एक और मुलाकात का वादा करलो

फिर मिलोगे कभी इस बात का वादा करलो
हमसे एक और मुलाकात का वादा करलो
==================

==================

Feb 13, 2017

दिवाना हुआ बादल -फिल्म : कश्मीर की कली (1964)

--------------------

फिल्म : कश्मीर की कली (1964)
संगीतकार : ओ.पी.नैय्यर
गीतकार : एस.एच.बिहारी
मूल गायक : मो.रफ़ी और आशा भोसले
=======================

 =======================
Present Version Sung by Safeer & Alpana
=======================
MP3 Play or Download here
-------------------------------------------

गीत के बोल -

ये देख के दिल झूमा
ली प्यार ने अंगड़ाई
दिवाना हुआ बादल
सावन की घटा छाई
ये देखके दिल झूमा
ली प्यार ने अंगड़ाई
दीवाना हुआ बादल...

१.ऐसी तो मेरी तक़दीर न थी
तुमसा जो कोई महबूब मिले
दिल आज खुशी से पागल है
ऐ जान-ए-वफ़ा तुम खूब मिले
दिल क्यूँ ना बने पागल
क्या तुमने अदा पाई
ये देखके दिल झूमा...

2.जब तुमसे नज़र टकराई सनम
जज़्बात का इक तूफ़ान उठा
तिनके की तरह मैं बह निकली
सैलाब मेरे रोके न रुका
जीवन में मची हलचल
और बजने लगी शहनाई
ये देखके दिल झूमा...

3.है आज नये अरमानों से
आबाद मेरी दिल की नगरी
बरसों से खिज़ां का मौसम था
वीरान बड़ी दुनिया थी मेरी
हाथों में तेरा आँचल
आया जो बहार आई
ये देखके दिल झूमा...
==================
==================

Feb 12, 2017

इतना है तुमसे प्यार --फिल्म : सूरज (१९६६)

फ़िल्म: सूरज (१९६६)
संगीतकार: शंकर-जयकिशन
गीतकार: हसरत जयपुरी
मूल  गायक :मो. रफी और सुमन कल्यानपुर
Picturised on Rajendra Kumar and Vaijantimala
==========================


===========================
Cover singers-Safeer & Alpana
-------------------------------------------------
Mp3 download or Play here
-------------------------------------------------
Song Lyrics-
इतना है तुमसे प्यार मुझे मेरे राज़दार
जितने के आसमान पर तारे हैं बेशुमार

इतना  है तुमसे प्यार मुझे मेरे राज़दार
जितने के इस ज़मीन पर ज़र्रे हैं बेशुमार

१.तेरे सिवा किसी को न लाया निगाह में
लाखों हसीन आये जवानी की  राह में
सदियों से कर रहा था तुम्हारा ही  इंतज़ार
इतना है तुमसे…

2.मैंने भी तेरे वास्ते कितने जनम लिये
तब दिल के रास्तों पे जले प्यार के दिये
एक दिन ज़रूर पाऊँगी इतना था ऐतबार
इतना है तुमसे…

3.बेख़ुद बना दिया मुझे तेरे सलाम ने
जन्नत अगर मिले तो न लूँ तेरे सामने
ये प्यार वो नशा है के जिसका नहीं उतार
इतना है तुमसे…
============================
============================

Feb 11, 2017

रात सुहानी जाग रही है --फिल्म:जिगरी दोस्त ( १९६९ )


रात सुहानी जाग रही है ( जिगरी दोस्त - १९६९ )
संगीत : लक्ष्‍मीकांत प्यारेलाल
गीत :आनंद बक्शी
मूल  गायक :मो. रफी और सुमन कल्यानपुर
==========================


===========================
Cover singers-Safeer & Alpana
-------------------------------------------------
Mp3 download or Play here
-------------------------------------------------
Song Lyrics-
रात सुहानी जाग रही है
धीरे-धीरे चुपके -चुपके,  चोरी-चोरी हो
प्रेम कहानी जाग रही है
 धीरे-धीरे चुपके -चुपके,  चोरी-चोरी हो

१.चल रहे हैं जादू थम गया ज़माना
दिल चुरा रहा है ये समान सुहाना
पालकी चमन में फूलों की उतार के
ये बहार गा रही है गीत प्यार के ओ
और जवानी जाग रही है धीरे-धीरे

2.चाँद कर रहा है प्यार के इशारे
ये हमारे नयना बन गये हैं तारे
नींद ने ना आने की उठाई है क़सम
नींद कैसे आये मन के द्वार पे सनम
प्रीत दीवानी जाग रही है धीरे-धीरे चुपके -चुपके,  चोरी-चोरी हो

3.नाम इस जहाँ का चाँदनी से पूछो
आ गये कहाँ हम ये किसी से पूछो
ये ज़मीन लग रही है आसमां सी
दिल की धड़कनों में पड़ गयी है तान सी ओ
ज़िंदगानी जाग रही है धीरे-धीरे
चुपके -चुपके,  चोरी-चोरी हो.....
=====================================
=====================================

Feb 10, 2017

ठहरिए होश में आ लूँ --फिल्म: मोहब्बत इसको कहते हैं (१९६५)


फिल्म-मोहब्बत इसको कहते हैं  (१९६५)
संगीतकार- खय्याम
मूल गायक-सुमन कल्यानपुर और रफ़ी
गीतकार-साहिर लुधियानवी

प्रस्तुत गीत कवर प्रस्तुति है-
Covered by Safeer & Alpana

===========================


===========================

Mp3 Download or Play Here
गीत के बोल 

ठहरिए होश में आ लूँ,
तो चले जाइएगा
आपको दिल में बिठा लूँ,
तो चले जाइएगा
आपको दिल में बिठा लूँ..तो चले जाइएगा

१.कब तलक रहिएगा यूँ दूर की चाहत बनके
दिल में आ जाइए इक़रार-ए-मुहब्बत बनके
अपनी तक़दीर बना लूँ, तो चले जाइएगा
आपको दिल में बिठा लूँ, तो चले जाइएगा
...आपको दिल में बिठा लूँ..तो चले जाइएगा

2.मुझको इक़रार-ए-मुहब्बत पे हया आती है
बात कहते हुए गरदन मेरी झुक जाती है
देखिये सर को झुका लूँ, तो चले जाइएगा
हाय, आपको दिल में बिठा लूँ..तो चले जाइएगा

3.ऐसी क्या शर्म ज़रा पास तो आने दीजे
रुख से बिखरी हुई ज़ुल्फ़ें तो हटाने दीजे
प्यास आँखों की बुझा लूँ, तो चले जाइएगा
ठहरिए होश में आ लूँ, तो चले जाइएगा
आपको दिल में बिठा लूँ, तो चले जाइएगा
आपको दिल में बिठा लूँ
=============================
=============================

Feb 9, 2017

बहुत शुक्रिया बड़ी मेहरबानी --फिल्म -एक मुसाफिर एक हसीना [१९६२]



फिल्म-एक मुसाफिर एक हसीना [१९६२]
संगीतकार -
मूल गायक -रफ़ी और आशा भोसले
----------------------------------------------
Cover Version Sung by Safeer & Alpana
===========================


===========================

--------------------------------
Download Mp3 or Play Here

बहुत शुक्रिया बड़ी मेहरबानी [गीत के बोल]
----------------------------------------------
बहुत शुक्रिया बड़ी मेहेरबानी,
मेरी ज़िन्दगी मे हुजुर आप आये,
कदम चूम लूँ या आँखें बिछाऊं
करूँ  क्या यह मेरी,समझ मे ना आये,

बहुत शुक्रिया...

करूँ पेश तुम को, नज़राना दिल का,
नज़राना दिल का..
के बन जाए कोई.. अफसाना दिल का,
खुदा जाने ऐसी सुहानी घडी फिर,
खुदा जाने ऐसी सुहानी घडी फिर,
मेरी ज़िन्दगी मे पलट के ना आये,
बहुत शुक्रिया...

मुझेडर  है मुझ मे, गुरुर आना जाए,
लगूं झूमने मे, सुरूर आना जाए,

कहीं दिल ना मेरा, ये  तारीफ़ सुन कर..
तुम्हारा बने और मुझे भूल जाए,
बहुत शुक्रिया..

ख़ुशी तो बहुत है मगर यह भी गम है
मगर यह भी गम है
के यह साथ अपना कदम दो कदम है
मगर यह मुसाफिर दुआ माँगता है ..
खुदा आपसे फिर किसी दिन मिलाये

बहुत शुक्रिया बड़ी महरबानी,
मेरी ज़िन्दगी मे हुजुर आप आये,
कदम चूम लूँ या आँखें बिछाऊं
करूँ  क्या यह मेरी,समझ मे ना आये,
बहुत शुक्रिया
===============================
२०१२  में रिकार्डेड - सफीर अहमद जी के साथ गाया यह मेरा पहला दोगाना था]
-----------------------------------------------------
===============================

Feb 8, 2017

आपसे मैंने मेरी जान ..फिल्म-ये रात फिर न आएगी [१९६६ ]

फ़िल्म: ये रात फिर न आएगी [१९६६ ]
गायक: मोहम्मद रफ़ी, आशा भोंसले
संगीतकार: ओ. पी. नय्यर
गीतकार: एस. एच बिहारी
शर्मिला टैगोर, विश्वजीत पर फिल्माया गया]
===============================

===============================

प्रस्तुत गीत में स्वर- सफ़ीर और अल्पना
===============================

Mp3  download or Play
---------------------------------
१.आप से मैंने मेरी जान मुहब्बत की है
आप चाहें तो मेरी जान भी ले सकती है
आप जब है तो मेरे पास मेरा सब कुछ है
जान क्या चीज़ है ईमान भी ले सकती है
आपसे मैंने…

२.आपको मैंने मुहब्बत का ख़ुदा समझा है
आप कहिये के मुझे आपने क्या समझा है
ज़िंदगी क्या है मुहब्बत की महेरबानी है
दर्द को मैंने हक़ीक़त में दवा समझा है
आपसे मैंने…

३.दिल वो ही है जो सदा गीत वफ़ा के गायें
प्यार करता हो जिसे प्यार ही करता जाये
सैंकड़ों साल के जीने से हैं बहेतर वो घड़ी
हाथ में हाथ हो जब यार का, मौत आ जाये
आपसे मैंने मेरी जान मुहब्बत की है
आप चाहें तो मेरी जान भी ले सकतें हैं
===========================
===========================

Feb 7, 2017

आजा पंछी अकेला है-फिल्म-नौ दो ग्यारह (1957)


मूल गायक:मोहम्मद रफी और आशा भोंसले
 गीत: मजरूह सुल्तानपुरी 
संगीत: सचिन देव बर्मन 
फिल्म: नौ दो ग्यारह (1957)
Cover Singers-Safeer & Alpana
 =============================
==============================

Download mp3 or Play

Lyrics-
ओ आजा पंछी अकेला है
ओ सो जा निंदिया की बेला है
ओ आजा पंछी अकेला है
ओ सो जा निंदिया की बेला है
ओ आजा पंछी अकेला है
उड़ गई नींद यहां मेरे नैन से
बस करो यूं ही पड़े रहो चैन से
उड़ गई नींद यहां मेरे नैन से
बस करो यूं ही पड़े रहो चैन से
लागे रे डर मोहे लागे रे
ओ ये क्या डरने की बेला है
ओ आजा पंछी अकेला है
ओ सो जा निंदिया की बेला है
ओ आजा पंछी अकेला है

ओहो कितनी घुटी सी है ये फ़िज़ा
आहा कितनी सुहानी है ये हवा
ओहो कितनी घुटी सी है ये फ़िज़ा
आहा कितनी सुहानी है ये हवा
मर गये हम, निकला दम, मर गये हम
ओ मौसम कितना अलबेला है
ओ आजा पंछी अकेला है
ओ सो जा निंदिया की बेला है
ओ आजा पंछी अकेला है

बिन तेरे कैसी अंधेरी ये रात है
दिल मेरा धड़कन मेरी तेरे साथ है
बिन तेरे कैसी अंधेरी ये रात है
दिल मेरा धड़कन मेरी तेरे साथ है
तन्हां है फिर भी दिल तन्हां है
ओ लागा सपनों का मेला है
ओ आजा पंछी अकेला है
ओ सो जा निंदिया की बेला है
ओ आजा पंछी अकेला है

Jan 26, 2017

सर्वलोकेषु रम्यं--'सारे जहाँ से अच्छा' गीत संस्कृत में ..

गणतंत्र दिवस की सभी भारतवासियों को हार्दिक शुभकामनाएँ!

'सर्वलोकेषु रम्यं हि भारतमस्मदीयं मदीयं '
संस्कृत अनुवाद द्वारा- श्री रंजन बेज़बरुआ जी
===================================
सर्वलोकेषु रम्यं हि भारतमस्मादीयं, मदीयम् ।

’बुल्बुलाः’ हि नः सर्वे,

देशः सूनस्तबकम् , मदीयम् ॥

सर्वलोकेषु रम्यं हि भारतमस्मादीयं, मदीयम् ।
१.पर्वतो हि सर्वोच्चः
विहायसः शिरश्चुम्बी ।
स्वप्रहरिणः शुवीराः
सुसैनिका अस्मदीयाः, मदीयाः ॥

सर्वलोकेषु रम्यं हि भारतमस्मादीयं, मदीयम् ।

2.क्रोडे च क्रीडारताः
नद्यः सहस्रधाराः

सपुष्टप्राणो:  सनीरैः
स्वर्ग्यमिदं मुदितं मुदितम् ॥

सर्वलोकेषु रम्यं हि भारतमस्मादीयं, मदीयम् ।

3.धर्मास्य में  न शिक्षा
वैरिता न विधेया

’हिन्दी’ हि वयं हिन्दी’ हि वयं ।
’हिन्दी’ हि वयं स्वभूमिः,
भारतमस्मदीयं मदीयम् ॥

सर्वलोकेषु रम्यं हि भारतमस्मादीयं, मदीयम् ।
बुल्बुलाः हि नः सर्वे,
देशः सूनस्तबकम् , मदीयम् ॥

सर्वलोकेषु रम्यं हि भारतमस्मादीयं, मदीयम्
======================

सारे जहाँ से...इस गीत को संस्कृत में सुनिये -
==========================================
==========================================

Mp3 Download or Play

सारे जहाँ से अच्छा, हिन्दोस्तां हमारा ।
हम बुलबुलें हैं इसकी, यह गुलसितां हमारा ।।

गुरबत में हों अगर हम, रहता है दिल वतन में ।
समझो वहीं हमें भी, दिल हो जहाँ हमारा ।। सारे...

परबत वो सबसे ऊँचा, हमसाया आसमाँ का ।
वो संतरी हमारा, वो पासबाँ हमारा ।। सारे...

गोदी में खेलती हैं, जिसकी हज़ारों नदियाँ ।
गुलशन है जिसके दम से, रश्क-ए-जिनां हमारा ।।सारे....

ऐ आब-ए-रौंद-ए-गंगा! वो दिन है याद तुझको ।
उतरा तेरे किनारे, जब कारवां हमारा ।। सारे...

मजहब नहीं सिखाता, आपस में बैर रखना ।
हिन्दी हैं हम वतन हैं, हिन्दोस्तां हमारा ।। सारे...

यूनान, मिस्र, रोमां, सब मिट गए जहाँ से ।
अब तक मगर है बाकी, नाम-ओ-निशां हमारा ।।सारे...

कुछ बात है कि हस्ती, मिटती नहीं हमारी ।
सदियों रहा है दुश्मन, दौर-ए-जहाँ हमारा ।। सारे...

'इक़बाल' कोई मरहूम, अपना नहीं जहाँ में ।
मालूम क्या किसी को, दर्द-ए-निहां हमारा ।। सारे...

इस गीत को प्रसिद्ध शायर मुहम्मद इक़बाल ने १९०५ में लिखा था और सबसे पहले सरकारी कालेज, लाहौर में पढ़कर सुनाया था। इक़बाल की यह रचना बंग-ए-दारा में शामिल है। उस समय इक़बाल लाहौर के सरकारी कालेज में व्याख्याता थे। उन्हें लाला हरदयाल ने एक सम्मेलन की अध्यक्षता करने का निमंत्रण दिया। इक़बाल ने भाषण देने के बजाय यह ग़ज़ल पूरी उमंग से गाकर सुनाई। यह ग़ज़ल हिन्दुस्तान की तारीफ़ में लिखी गई है और अलग-अलग सम्प्रदायों के लोगों के बीच भाई-चारे की भावना बढ़ाने को प्रोत्साहित करती है। १९५० के दशक में सितार-वादक पण्डित रवि शंकर ने इसे सुर-बद्ध किया।

[विवरण विकिपीडिया से साभार ]

Jan 25, 2017

हर दिल जो प्यार करेगा ..फिल्म-संगम

फ़िल्म- संगम [१९६४]
गीतकार- शैलेन्द्र
संगीतकार-- शंकर -जयकिशन
मूल गायक - मुकेश ,लता और महेंद्र कपूर
Mp3 Play or Download
=============================

=============================
कवर गायक - चेतन जी ,सफ़ीर और अल्पना
-------------------------------------------------
हर दिल जो प्यार करेगा वो गाना गायेगा
दीवाना सैंकड़ों में पहचाना जायेगा
दीवाना   ...

१.आप हमारे दिल को चुरा के आँख चुराये जाते हैं
ये इक तरफ़ा  रसम-ए-वफ़ा हम फिर भी निभाये जाते हैं
चाहत का दस्तूर है लेकिन, आप को ही मालूम नहीं,
जिस महफ़िल में शमा हो, परवाना जायेगा
दीवाना सैंकड़ों में पहचाना जायेगा

2.भूली बिसरी यादें मेरी हँसते गाते बचपन की
याद दिला के चली आतीं हैं, नींद चुराने नैनन की
अब कह दूँगी, करते करते, कितने सावन बीत गये
जाने कब इन आँखों का शरमाना जायेगा
दीवाना सैंकड़ों में  पहचाना जायेगा

3.अपनी अपनी सब ने कह ली, लेकिन हम चुप चाप रहे
दर्द पराया जिसको प्यारा वो क्या अपनी बात कहे
खामोशी  का ये अफ़साना रह जायेगा बाद मेरे
अपना के हर किसी को बेगाना जायेगा
दीवाना सैंकड़ों में   पहचाना जायेगा

==============

Jan 24, 2017

ऐ मेरी ज़िन्दगी तू नहीं अजनबी-फिल्म- प्यार का सपना [१९६९]


फिल्म- प्यार का सपना [१९६९]
गीतकार- राजेंद्र कृष्ण 
संगीतकार- चित्रगुप्त  
मूल गायक -लता  और रफ़ी 
=====================================
=====================================
कवर गायक - सफ़ीर और अल्पना
---------------------------------------------
गीत के बोल -
--------------

ऐ मेरी ज़िन्दगी तू नहीं अजनबी
तुझको देखा है पहले कभी
      ऐ मेरे हमसफ़र मुझको पहचान ले मैं  वो ही हूँ वो ही \-२

१.तू मेरे पास रहकर भी क्यूँ दूर है
इसलिएकि तुझे खुद ये मंज़ूर है
मैं तेरे पास हूँ मैं तेरे साथ थी
मैं वो ही हूँ वो ही ...
      2. दिल में पड़ती तो हैं तेरी परछाइयाँ \-२
दूर होती नहीं फिर भी तनहाइयाँ \-२
       दिल के आईने में देख ले झाँक कर
      मैं वो ही हूँ वो ही ...

ऐ मेरी ज़िन्दगी तू नहीं अजनबी

3.तू वो ही है जो मेरे ख़्यालों में थी
मैं मदिरा हूँ जो तेरे ख़्यालों में थी
कौन हूँ क्या हूँ अब तो पहचान ले
मैं वो ही हूँ वो ही ...
       
       ऐ मेरी ज़िन्दगी तू नहीं अजनबी,तुझको देखा है पहले कभी
      ऐ मेरे हमसफ़र मुझको पहचान ले मैं  वो ही हूँ वो ही \-२
============================================

Jan 23, 2017

आज कल तेरे मेरे ...फिल्म-ब्रह्मचारी

Song-आज कल तेरे मेरे
--------------------------
फिल्म- ब्रह्मचारी [१९६८]
गीतकार- शैलेन्द्र
संगीतकार- शंकर-जयकिशन
मूल गायक -सुमन कल्यानपुरी  और रफ़ी
=====================================

============================================

=============================================

कवर गायक - सफ़ीर और अल्पना
---------------------------------------------
MP3 Download or Play

गीत के बोल -
--------------

आजकल तेरे मेरे प्यार के चर्चे हर ज़बान पर
सबको मालूम है और सबको खबर हो गई

1.हमने तो प्यार में ऐसा काम कर लिया
प्यार की राह में अपना नाम कर लिया
आजकल तेरे मेरे प्यार...

2.दो बदन एक दिल एक जान हो गए
मंज़िलें एक हुईं हमसफ़र बन गए
आजकल तेरे मेरे प्यार के चर्चे...

3.क्यूँ भला हम डरें दिल के मालिक हैं हम
हर जनम में तुझे अपना माना सनम
आजकल तेरे मेरे प्यार के चर्चे...

========================
========================

Jan 22, 2017

आपने याद दिलाया तो मुझे ....फिल्म- आरती [१९६२ ]

फिल्म- आरती [१९६२ ]
गीतकार- मजरूह सुल्तानपुरी 
संगीतकार-रोशन 
मूल गायक -लता  और रफ़ी 
============================================
============================================
कवर गायक - सफ़ीर और अल्पना
MP3 Download or Play --
-------------------------------------------

गीत के बोल -
--------------
आपने याद दिलाया तो मुझे याद आया..
के मेरे दिल पे पढ़ा था कोई ग़म का साया
आपने याद दिलाया

1.मै भी क्या चीज़ हूँ  खाया था, कभी तीर कोई
दर्द अब जा के उठा, चोट लगे देर हुयी
तुमको हमदर्द जो पाया, तो मुझे याद आया
के मेरे दिल पे पढ़ा था कोई ग़म का साया
आपने याद दिलाया

2.मै ज़मीन पर हू ना समझा, ना परखना चाह
आसमान पर ये कदम, झूमके रखना चाह
आज जो सर को झुकाया, तो मुझे याद आया
के मेरे दिल पे पढ़ा था कोई ग़म का साया
आपने याद दिलाया

3.मैंने  भी सोच लिया, साथ निभाने के लिए
दूर तक आऊँगी  मैं, तुमको मनाने के लिए
दिल ने एहसास दिलाया, तो मुझे याद आया

आपने याद दिलाया, तो मुझे याद आया..

============================

Jan 21, 2017

ज़मीं से हमें आसमां पर ....Film-Adalat [1958]


फिल्म- अदालत [१९५८]
गीतकार-राजेंद्र किशन
संगीतकार-मदन मोहन
मूल गायक -आशा भोसले और रफ़ी
============================================

============================================
कवर गायक - सफ़ीर और अल्पना
---------------------------------------------

=======================
गीत के बोल -
-------------
ज़मीं से हमें आसमां पर, बिठा के गिरा तो ना दोगे
अगर हम ये पूछें के दिल में, बसा के भूला तो ना दोगे

१.ऐ रात इस वक्त आँचल में तेरे जितने भी हैं ये सितारें
जो दे दे तू मुझको, तो फिर मैं लूटा दू, किसी की नज़र पे ये सारे

कहो के ये रंगीन सपनें, सजा के मिटा तो ना दोगे
अगर हम ये पूछें कि दिल में, बसा के भूला तो ना दोगे

2.तुम्हारे सहारे निकल तो पड़े हैं, है मंज़िल कहाँ दिल न जाने
जो तुम साथ दोगे, तो आएगी इक दिन, मंज़िल गले से लगाने

इतना तो दिल को यकीं है, हमें तुम दगा तो ना दोगे
अगर हम ये पूछें कि दिल में, बसा के भूला तो ना दोगे

ज़मीं से हमें आसमां पर, बिठा के गिरा तो ना दोगे

==========================================

Jan 20, 2017

आते -जाते हँसते -गाते

फ़िल्म-मैंने प्यार किया [१९८९]
संगीतकार: राम लक्ष्मण
गीतकार : देव कोहली
मूल गायक: लता मंगेशकर, S P Balasubramaniam
===============================




--------------------------------------------------

कवर गायक - सफ़ीर और अल्पना
===============================

गीत के बोल
----------------
जाते, हँसते गाते
सोचा था मैं ने मन में कई बार
वो पहली नज़र, हलका सा असर
करता है क्यों दिल को बेक़रार
रुक के चलना, चल के रुकना
ना जाने तुम्हें है किस का इंतज़ार

तेरा वो यकीं, कहीं मैं तो नहीं
लगता है यही क्यों मुझको बार बार
यही सच है, शायद मैं ने प्यार किया

आते जाते, हँसते गाते
सोचा था मैं ने मन में कई बार
होंठों की कली कुछ और खिली
ये दिल पे हुआ है किसका इख़्तियार
तुम कौन हो, बतला तो दो
क्यों करने लगी मैं तुमपे ऐतबार

खामोश रहूँ य मैं कह दूँ
या कर लूँ मैं चुपके से ये स्वीकार
यही सच है, शायद मैं ने प्यार किया
हाँ हाँ, तुमसे, मैं ने प्यार किया
=======================

Jan 19, 2017

जब आती होगी याद मेरी--फिल्म-फांसी

फिल्म-फांसी
गीतकार- आनंद बक्षी
संगीतकार-लक्ष्मीकांत -प्यारेलाल
मूल गायक-मो. रफ़ी और सुलक्षणा पंडित
===========================


===========================
कवर गायक - सफ़ीर और अल्पना
MP3 Download or play here
---------------------------------------------

गीत के बोल -
--------------------
जब आती होगी याद मेरी -2
तेरा दिल तो मचलता  होगा

तू भी तो मुझे. मिलने को -2
दिन रात तड़पता होगा .
जब आती होगी याद मेरी
हाय जब आती होगी याद मेरी ..

१....लिखे तो होंगे ख़त मुझको
पर डाक में न डाले होंगे के मुझको दिखाने के लिए तूने सब वो संभाले होंगे

बरसों न मेरा ख़त पाकर तू ठंडी आहें तो .भरता हो~~गा...
जब आती होगी याद मेरी...हाय जब आती होगी याद मेरी .

2.ख़यालों में तू मुझको लाके करता तो होगा दिलजोई
 करता तो होगा दिलजो~ई
ये भी तो कभी सोचता हो.गा -2
लेजाये न मुझे और को~ई
किसी और की  होने के डर  से तेरा दिल भी  धड़कता होगा

जब आती होगी याद मेरी -2.
तेरा दिल तो मचलता  होगा

तू भी तो मुझे मिलने को -2
दिन रात तड़पता होगा .
[एक साथ ]जब आती होगी याद मेरी हाय जब आती होगी याद मेरी I

=========================================
=========================================

Jan 18, 2017

मेरी साँसों को जो महका रही है

फिल्म- बदलते रिश्ते   [१९७८ ]
गीतकार : आनंद बक्षी
संगीतकार: लक्ष्मीकांत प्यारेलाल
मूल गायक- महेंद्र कपूर  और लता

==============


कवर गायक- सफ़ीर और अल्पना
MP 3 download or play
===============
गीत के बोल
-------------
मेरी साँसों को जो महका रही है
मेरी साँसों को जो महका रही है
ये पहले प्यार की खुशबू
तेरी साँसों से शायद आ रही है

१.शुरू ये सिलसिला तो उसी दिन से हुआ था
अचानक तूने जिस दिन मुझे यूँ ही छुआ था
लहर जागी जो उस पल तनबदन में
वो मन को आज भी बहका रही है

2.बहुत तरसा है ये दिल तेरे सपने सज़ा के
ये दिल की बात सुन ले, मेरी बाहों में आके
जगाकर अनोखी प्यास मन में
ये मीठी आग जो दहका रही है

3.ये आँखे बोलती हैं, जो हम ना बोल पाए
दबी वो प्यास मन की नज़र में झिलमिलाए
होठों पे तेरे हल्की सी हँसी है
मेरी धड़कन बहकती जा रही है
ये पहले प्यार की खुशबू .....मेरी साँसों को जो...

======================

Jan 17, 2017

जहाँ मैं जाती हूँ -फिल्म-चोरी चोरी

फिल्म-चोरी चोरी  [१९५६]
गीतकार : शैलेन्द्र
संगीतकार: शंकर -जयकिशन
मूल गायक- मन्ना डे और लता

==============

 कवर गायक- सफ़ीर और अल्पना
MP3 Download or Play Here
===============
गीत के बोल
-------------
जहाँ मैं जाती हूँ वहीं चले आते हो
चोरी-चोरी मेरे दिल में समाते हो
ये तो बताओ कि तुम, मेरे कौन हो

दिल से दिल की लगन की ये बात है
प्यार की राह जतन की ये बात है
मुझसे न पूछो कि तुम, मेरे कौन हो

१.मैं तो शोर मचाऊँगी, शोर मचाऊँगी
करनी तुम्हारी सबको बताऊँगी
खैर जो चाहो चले जाओ मेरे दर से
छोड़ो ये आना-जाना दिल की डगर से
ये तो बताओ...

२.मैंने क्या बुरा किया है, क्या बुरा किया है
दिल दे कर ही दिल ले लिया है
किसी बड़े ज्ञानी-ध्यानी को बुलाओ
अभी अभी यहीं फ़ैसला कराओ
मुझसे न पूछो...

३.दिल ही जब हुए दीवाने, जब हुए दीवाने
कहना हमारा ,अब कौन माने

जहाँ मैं जाती हूँ वहीँ चले आते हो
चोरी-चोरी मेरे दिल में समाते हो
ये तो बताओ कि तुम, मेरे कौन हो
हमसे न पूछो के मेरे कौन हो I
======================
======================